देश हित में सर्वस्व त्याग की भावना सच्ची देशभक्ति है, जिस व्यक्ति में लालच की भावना होती है वह देश हित
में निर्णय नहीं ले सकता ।
----- वीर सावरकर
शुक्रवार, 28 अगस्त 2020
अखंड भारत मात्र एक विचार न होकर विचारपूर्वक किया हुआ संकल्प है। कुछ लोग विभाजन को पत्थर रेखा मानते है। उनका ऐसा दृष्टिकोण सर्वथा अनुचित है। मन में मातृभूमि के प्रति उत्कट भक्ति न होने का यह परिचायक है।
---- पंडित दीनदयाल उपाध्याय
सोमवार, 3 अगस्त 2020
हमारी मातृभूमि भारत , एक रूप में ही माता , पिता एवं गुरु तीनों का कर्तव्य हमारे प्रति पूर्ण करती है ।